हिंद महासागर में चीन और पाकिस्तान की बढ़ती गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए भारत ने एक बड़ा और रणनीतिक फैसला लिया है. अमेरिका के साथ ट्रेड डील के तुरंत बाद रक्षा मंत्रालय ने 6 नए ‘P-8I एंटी-सबमरीन वॉरफेयर एयरक्राफ्ट’ खरीदने की मंजूरी दे दी है. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के नेतृत्व वाली रक्षा अधिग्रहण परिषद (DAC) ने इस सौदे पर मुहर लगा दी है. ‘हंटर’ (शिकारी) के नाम से मशहूर ये विमान दुश्मन की पनडुब्बियों को पाताल से भी ढूंढ निकालने में सक्षम हैं.
40 हजार फीट से ही दुश्मन को कर देगा तबाह
अमेरिका की बोइंग कंपनी द्वारा बनाए गए P-8I विमानों की गिनती दुनिया के सबसे घातक समुद्री टोही विमानों में होती है. इसकी खासियतें इसे समंदर का ‘सिकंदर’ बनाती हैं:
- रेंज और ऊंचाई: यह विमान 40 हजार फीट की ऊंचाई पर उड़ान भर सकता है और इसकी रेंज 8,000 किलोमीटर से भी ज्यादा है. यानी यह घंटों तक हवा में रहकर निगरानी कर सकता है.
- घातक हथियार: यह सिर्फ निगरानी नहीं करता, बल्कि हमला भी करता है. यह एडवांस्ड टारपीडो, एंटी-शिप ‘हारपून’ मिसाइल और क्रूज मिसाइलों से लैस है.
- पनडुब्बी हंटिंग: इसमें लगे सेंसर गहरे समंदर में छिपी दुश्मन की पनडुब्बियों की आवाज सुन सकते हैं और उन्हें वहीं नष्ट कर सकते हैं.
पहले से तैनात हैं 12 विमान, अब और बढ़ेगी ताकत
भारतीय नौसेना पहले से ही 12 P-8I विमानों का इस्तेमाल कर रही है. 2009 में 8 और 2019 में 4 विमान खरीदे गए थे. ये विमान तमिलनाडु के रजाली और गोवा के आईएनएस हंस नेवल बेस पर तैनात हैं, जहां से अरब सागर और बंगाल की खाड़ी पर पैनी नजर रखी जाती है. नए 6 विमानों के आने से नौसेना की लॉन्ग रेंज सर्विलांस क्षमता में जबरदस्त इजाफा होगा.
सेना को मिलेंगे ‘विभव’ माइंस और कोस्टगार्ड को डोर्नियर
DAC की बैठक में सिर्फ P-8I ही नहीं, बल्कि अन्य महत्वपूर्ण सौदों को भी मंजूरी मिली है:
- विभव एंटी-टैंक माइंस: भारतीय थलसेना के लिए ‘विभव’ एंटी-टैंक माइंस खरीदी जाएंगी. इन्हें दुश्मन के टैंकों को रोकने के लिए सीमाओं पर बिछाया जाता है.
- टी-72 टैंक अपग्रेड: टी-72 टैंकों और बीएमपी-II वाहनों के नवीनीकरण को भी मंजूरी मिली है.
- डोर्नियर-228 विमान: तटरक्षक बल (Coast Guard) की ताकत बढ़ाने के लिए हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) से 2312 करोड़ रुपये में 8 डोर्नियर-228 विमान खरीदे जाएंगे. यह सौदा ‘आत्मनिर्भर भारत’ के तहत किया गया है.














