रूस और यूक्रेन के बीच चार साल से ज्यादा समय से जारी युद्ध के बीच एक बड़ी कूटनीतिक पहल सामने आई है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने घोषणा की है कि दोनों देशों ने तीन दिन के युद्धविराम पर सहमति जता दी है। यह सीजफायर 9 मई से 11 मई 2026 तक लागू रहेगा। इस दौरान सैन्य गतिविधियां पूरी तरह रोकी जाएंगी और कैदियों की अदला-बदली भी की जाएगी।
ट्रंप ने किया 3 दिन के सीजफायर का ऐलान
डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि रूस और यूक्रेन ने तीन दिन के अस्थायी युद्धविराम पर सहमति बनाई है। ट्रंप के मुताबिक, यह फैसला ऐसे समय लिया गया है जब रूस विक्ट्री डे मना रहा है और यूक्रेन भी दूसरे विश्व युद्ध के इतिहास में अहम भूमिका निभा चुका है।
उन्होंने कहा कि यह समय दोनों देशों के लिए प्रतीकात्मक रूप से बेहद महत्वपूर्ण है, इसलिए इस दौरान शांति बनाए रखने पर सहमति बनी है।
अगले 72 घंटे क्यों माने जा रहे हैं अहम?
तीन दिन का यह सीजफायर इसलिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है क्योंकि इस दौरान दोनों देशों के बीच सभी सैन्य गतिविधियों को रोकने का फैसला लिया गया है। इसके साथ ही रूस और यूक्रेन के बीच 1,000 युद्धबंदियों की अदला-बदली भी की जाएगी।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि यह अस्थायी युद्धविराम सफल रहता है, तो भविष्य में स्थायी शांति वार्ता की संभावनाएं मजबूत हो सकती हैं। लंबे समय से जारी संघर्ष के बीच यह पहला बड़ा संकेत माना जा रहा है, जिसमें दोनों पक्ष किसी साझा समझौते पर पहुंचे हैं।
ट्रंप ने पुतिन और जेलेंस्की को कहा धन्यवाद
डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी पोस्ट में बताया कि युद्धविराम का अनुरोध उन्होंने खुद किया था। उन्होंने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर ज़ेलेंस्की का सहयोग के लिए आभार भी जताया।
ट्रंप ने कहा कि उन्हें उम्मीद है यह पहल युद्ध खत्म करने की दिशा में एक अहम शुरुआत साबित होगी। उन्होंने यह भी कहा कि दूसरे विश्व युद्ध के बाद यह दुनिया के सबसे बड़े संघर्षों में से एक है और इसे समाप्त करने के लिए लगातार बातचीत जारी है।
उन्होंने अपनी पोस्ट के अंत में कहा कि शांति की दिशा में प्रयास लगातार आगे बढ़ रहे हैं और दुनिया इस युद्ध के अंत के पहले से ज्यादा करीब पहुंच रही है।














