Ajay Rai के खिलाफ प्रधानमंत्री Narendra Modi पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी करने के मामले में उत्तर प्रदेश के महोबा में आपराधिक मुकदमा दर्ज किया गया है। मामला सामने आने के बाद यूपी कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने सफाई देते हुए वायरल वीडियो को AI जनरेटेड बताया है।
अजय राय ने वीडियो को बताया फर्जी
Ajay Rai ने कहा कि वायरल हो रहा वीडियो कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी AI की मदद से तैयार किया गया है। उन्होंने महोबा की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार को वहां कथित तौर पर दलित बच्ची के साथ हुए अपराध मामले में न्याय देना चाहिए।
उन्होंने कहा, “मेरे ऊपर एक नहीं सौ मुकदमे लगा दें मैं तैयार हूं.”
साथ ही अजय राय ने दावा किया कि कांग्रेस उत्तर प्रदेश की सभी 403 विधानसभा सीटों पर तैयारी कर रही है।
महोबा में दर्ज हुआ आपराधिक मुकदमा
मामला उस वक्त सामने आया जब Ajay Rai महोबा के समदनगर मोहल्ले में एक NEET छात्रा से मिलने पहुंचे थे। इसके बाद शहर कोतवाली में उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया।
पुलिस ने कांग्रेस के निवर्तमान प्रदेश सचिव Brajraj Singh Ahirwar और 25 से 30 अज्ञात समर्थकों को भी मामले में आरोपी बनाया है। यह केस बीजेपी जिला कार्यसमिति सदस्य और अधिवक्ता Neeraj Rawat की शिकायत पर दर्ज किया गया है।
शिकायत में क्या लगाए गए आरोप?
शिकायतकर्ता के मुताबिक 22 मई 2026 को बिना प्रशासनिक अनुमति के समदनगर में कार्यक्रम आयोजित किया गया था। आरोप है कि इस दौरान अजय राय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ अभद्र टिप्पणी की और कथित तौर पर अपशब्दों का इस्तेमाल किया।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। शिकायतकर्ता ने वीडियो की कॉपी पेन ड्राइव में पुलिस को सौंपी है।
किन धाराओं में दर्ज हुआ केस?
पुलिस ने मामले को गंभीर मानते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 126(2), 352, 196(1), 189(2) और 132 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। भाजपा नेताओं का आरोप है कि वीडियो की वजह से समाज में आक्रोश और जातीय तनाव का माहौल बना है।
पुलिस ने क्या कहा?
महोबा की एएसपी Vandana Singh ने कहा कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो का संज्ञान लिया गया है। उन्होंने बताया कि वीडियो में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अपने समर्थकों के साथ विधि विरुद्ध जमाव करते दिखाई दे रहे हैं और प्रधानमंत्री के खिलाफ अशोभनीय टिप्पणी की गई है।
पुलिस अधिकारी के अनुसार मामले में संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।














