दिल्ली में लाल किले के बाहर सोमवार (10 नवंबर, 2025) को हुए भीषण कार धमाके के मुख्य आरोपियों में कश्मीर का रहने वाला डॉ. आदिल अहमद भी शामिल है। उत्तर प्रदेश पुलिस ने दिल्ली धमाके से महज तीन दिन पहले डॉ. आदिल अहमद को सहारनपुर जिले से गिरफ्तार किया था। आदिल पर आरोप था कि उसने जम्मू-कश्मीर की राजधानी श्रीनगर में पाकिस्तानी आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (JeM) से संबंधित पोस्टर चिपकाए थे।
दिल्ली कार विस्फोट की जांच शुरू होने पर, इस मामले में भी डॉ. आदिल अहमद के तार जुड़े हुए मिले।
सहकर्मी डॉक्टर ने बताया ‘संदिग्ध’ न होने का दावा
डॉ. आदिल अहमद उत्तर प्रदेश के सहारनपुर स्थित फेमस मेडिकेयर सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल में काम करता था। न्यूज़ एजेंसी एएनआई से बात करते हुए, उसके सहकर्मी डॉ. बाबर ने आदिल के स्वभाव को लेकर चौंकाने वाला खुलासा किया।
डॉ. बाबर ने कहा, “आदिल अहमद बेहद शांत स्वभाव का शख्स था, हमें कभी भी कोई बात ऐसी नजर नहीं आई, जिस पर शक किया जा सके।” उन्होंने आगे कहा, “वह बहुत शांत स्वभाव का व्यक्ति था। उसने हमें अपनी शादी में आमंत्रित किया था और हम वहां गए थे, लेकिन इस दौरान हमें वहां कुछ भी ऐसा नजर नहीं आया जो संदिग्ध है।”
हालांकि, जब डॉ. बाबर से पूछा गया कि अस्पताल में आदिल अहमद से किस तरह के लोग मिलने आते थे, तो उन्होंने कहा, “अस्पताल में उनसे किस तरह के लोग मिलने आते थे, इसकी मुझे कोई जानकारी नहीं है।”
अस्पताल प्रशासन जांच में करेगा पूरा सहयोग
डॉ. बाबर ने बताया कि डॉ. आदिल अहमद को रहने की सुविधा अस्पताल प्रशासन की ओर से मुहैया कराई गई थी। उन्होंने कहा कि डॉ. आदिल अहमद को लेकर अस्पताल के सभी कर्मियों से पूछताछ की जा चुकी है और वे “जांच में पूरी तरह अपना सहयोग जारी रखेंगे।”
उन्होंने कहा कि, “अस्पताल में सभी लोग इस बात से पूरी तरह से स्तब्ध हैं कि इतना शिक्षित व्यक्ति ऐसी निशंस वारदात को अंजाम दे सकता है।”














