अयोध्या के राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रियाओं का दौर जारी है। अब बहुजन समाज पार्टी (BSP) की प्रमुख मायावती ने भी इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि चढ़ावे की चोरी, गबन और हेराफेरी जैसे मामलों में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन इस पूरे प्रकरण का राजनीतिकरण करना भी उचित नहीं है।
मायावती ने सोशल मीडिया पर क्या कहा?
मायावती ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “ऐसे लोग कतई भी बख्शे नहीं जाने चाहिए, लेकिन इस मामले का राजनीतिकरण करना भी ठीक नहीं.”
उन्होंने आगे कहा, “अयोध्या में श्रीराम मंदिर से चढ़ावे की हुई चोरी, गबन व हेरा-फेरी आदि करने की मीडिया में आए दिन किस्म-किस्म की आ रही खबरें अति-गंभीर व चिंतनीय हैं. साथ ही, अब यहां मंदिर में श्रद्धा के चढ़ावे आदि में आगे कोई भी शिकायत ना आए, इसके लिए देश के दूसरे विख्यात व प्रसिद्ध मंदिरों में चढ़ावे आदि के हिसाब-किताब के लिए जो वहां व्यवस्था है तो उनका यहां अयोध्या में भी अनुशरण करके इस प्रकरण को जल्दी ही सुलझाना चाहिए तो यह उचित होगा.”
राजनीतिक दलों और देशवासियों से की अपील
मायावती ने अपने बयान में राजनीतिक दलों और आम नागरिकों से भी अपील की। उन्होंने लिखा, “इतना ही नहीं बल्कि देश में राजनीति का अपराधीकरण व अपराध का राजनीतिकरण तथा धर्म का राजनीतिकरण एवं राजनीति का अंध धर्मीकरण ना किया जाए तो यह सही व संवैधानिक होगा. ऐसी ही अपील देशवासियों से भी है.”
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में 8 आरोपी जेल भेजे गए
राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में गिरफ्तार किए गए सभी आठ आरोपियों को सोमवार (29 जून) को अयोध्या की अदालत में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से पेश किया गया। सुनवाई के बाद अदालत ने सभी आरोपियों को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।
अब इस मामले में अगली सुनवाई 13 जुलाई को होगी, जब आरोपियों को दोबारा अदालत के सामने पेश किया जाएगा।
जांच अभी जारी, पुलिस ने कही यह बात
कोर्ट में पुलिस ने बताया कि मामले की जांच अभी पूरी नहीं हुई है और कई पहलुओं की पड़ताल बाकी है। इसी वजह से आरोपियों का न्यायिक हिरासत में रहना आवश्यक है।
पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया कि फिलहाल आरोपियों की पुलिस रिमांड नहीं मांगी गई है। जांच एजेंसियां पहले पूछताछ के लिए विस्तृत प्रश्नावली तैयार करेंगी, जिसके बाद आवश्यकता पड़ने पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।















